मीना कुमारी और कमाल अमरोही के बीच अलगाव की एक वजह कमाल अमरोही का उनके करियर में दखलअंदाज़ी करना भी बताई जाती है।

मीना कुमारी और कमाल अमरोही के बीच अलगाव की एक वजह कमाल अमरोही का उनके करियर में दखलअंदाज़ी करना भी बताई जाती है। कमाल अमरोही ने ये फैसला खुद करना शुरू कर दिया था कि मीना कुमारी किस फिल्म में काम करेंगी किसमें नहीं। किस डायरेक्टर की फिल्म करेंगी किसकी नहीं।
मीना कुमारी जैसी वैल इस्टैब्लिश अदाकारा को ये अजीब तो लगना ही था। मीना जिस मुकाम पर पहुंची थी वो उन्होंने अपनी खुद की मेहनत से हासिल किया था। उसमें किसी की कोई सलाह या मशिवरा या फैसला नहीं था। शुरुआत में तो मीना ने इस बात को गंभीरता से नहीं लिया। लेकिन एक फिल्म ऐसी थी जिसमें कमाल अमरोही का ज़िद्दी स्वभाव मीना को बहुत अखर गया। वो फिल्म थी बिमल रॉय की देवदास।
बिमल रॉय देवदास के हीरो के तौर पर दिलीप कुमार को फाइनल कर चुके थे। और पारो के रोल के लिए उन्हें मीना कुमारी से बेहतर कोई विकल्प नहीं लगा। इसलिए उन्होंने स्क्रिप्ट के साथ अपना ऑफर मीना कुमारी के पास भिजवाया। मीना कुमारी इस रोल का ऑफर पाकर बहुत खुश थी। देवदास में उन्हें बंगाली महिला का किरदार निभाने का मौका मिल रहा था। जो उनकी एक पुरानी ख्वाहिश थी।
इसके अलावा देवदास को बिमल रॉय जैसे दिग्गज दिग्दर्शक बना रहे थे। और उनके साथ काम करना हर किसी के नसीब में नहीं होता था। लेकिन कमाल अमरोही ने अपनी टांग अड़ाते हुए अपने सेक्रेटरी को बिमल रॉय के पास भेजा। वहां उसने बिमल रॉय से कहा,”कॉन्ट्रैक्ट आपका सही है। लेकिन मीना कुमारी तब ही काम करेंगी जब हमारी दो शर्तें मानी जाएंगी।”
बिमिल रॉय ने जब शर्तों के बारे में पूछा तो कमाल अमरोही के सेक्रेटरी ने बताया,”पहली शर्त ये है कि मीना कुमारी आउटडोर शूट के लिए नहीं जाएंगी। और दूसरी शर्त है कि कोई भी एक्टर मीना कुमारी के नज़दीक नहीं आएगा। ना ही उन्हें छुएगा। फिल्म में इस तरह का कोई दृश्य ना हो जहां मीना जी को अपने सह-कलाकार संग किसी तरह की कोई इंटीमेसी दिखानी पड़े।”
ये सुनकर बिमल रॉय ने जवाब दिया,”देखो, मेरी फिल्म बॉम्बे में ही शूट होगी। इसलिए तुम्हारी पहली शर्त मानने या ना मानने का तो कोई सेंस ही नहीं बचा। रही बात दूसरी शर्त की, तो मुझे उसके बारे में सोचने का वक्त दो। मैं कुछ दिनों में जवाब देता हूं।”
फिर जैसे ही कमाल अमरोही का सेक्रेटरी वहां से निकला, बिमल रॉय ने अपने साथ बैठे सिनेमैटोग्राफर और फिल्मकार असित सेन से कहा,”असित, मैं किसी के सामने झुककर काम नहीं करता। हालांकि देवदास में कोई भी ऐसा सीन नहीं है। लेकिन मैं उसकी क्यों सुनूं। मैं किसी के प्रेशर में फिल्म थोड़ी बनाऊंगा।”
इस तरह बिमल रॉय ने मीना कुमारी को देवदास से ड्रॉप कर दिया और सुचित्रा सेन को पारो के रोल के लिए कास्ट कर लिया। मीना कुमारी को जब पता चला कि पारो का रोल उन्हें नहीं मिल सका तो वो बहुत दुखी हुई थी। और कमाल अमरोही की ये बात उन्हें बहुत बुरी लगी थी। #meenakumari #KamalAmrohi #DilipKumar
